हो मेरे दम से मेरे वतन की ज़ीनत,
जैसे होती है फूलों से चमन की ज़ीनत।

New Delhi, Jan 22, 2021: हमारी प्रधानाचार्या श्रीमती वीना गोयल की प्रेरणा से प्रारम्भ किए गए Opinion matters के online मंच पर एपीजे स्कूल के विद्यार्थियों द्वारा देशभक्ति के जज़्बे से ओतप्रोत प्रसतुति की गई।

कार्यक्रम का शुभारम्भ एक श्लोक से किया गया। तत्पश्चात छात्रों ने देशभक्ति और देशप्रेम से युक्त कविताएँ सुनाकर सबको मंत्रमुग्ध कर दिया।
आने वाले कल के भविष्य इन बच्चों ने खूनी हस्ताक्षर , भारत के राम जगो , वही है मेरा हिन्दुस्तान जैसी कविताएँ सुनाकर सबको झूमने के लिए मज़बूर कर दिया। 'तेरी मिट्टी में मिल जावां' जैसे संजीदा सुरों के साथ इस सभा का समापन किया गया।

अंत में विद्यालय के उपप्रधानाचार्य जी ने स्वतन्त्रता सेनानियों के त्याग को याद दिलाते हुए राहत इंदौरी की पंक्तियाँ ‘’ मैं जब मर जाऊँ तो मेरी एक अलग पहचान लिख देना, लहू से मेरी पेशानी पे हिन्दुस्तान लिख देना’ सुनाई और सभी छात्रों की प्रशंसा की।